जय बाबा जी दी
आये ने बाबा तेरे लाल, खोल बूहे मंदिरा दे!
हो रही जयकार, खोल बूहे मंदिरा दे!!
लाल -लाल चोला, बाबा अंग विराजै,
जडिया सितारिया दे नाल! खोल बूहे
हत्थ कटोरी बाबा केसर घोली
तिलक लगायो बाबा आप! खोल बूहे
चांदी की खोली विच जोत जगावा,
जय-जय उचारा बाबा नाल खोल बूहे
पान सुपारी बाबा ध्वजा नारियल,
भेंट चढावा बाबा आन! खोल बूहे
हत्थ रकेबी बाबा विच जलेबी
भोग लगावा बाबा आन! खोल बूहे
चन्दन दी चौकी बाबा आन विराजो,
पूछो निमानिया दा हाल! खोल बूहे
माघ महीने बाबा मेला लगया,
तेरा सजय लाल दरवार! खोल बूहे
इह विनती तेरे बच्चिया दी बाबा,
आये दिन हर साल! खोल बूहे